मथुरा शराब के नशे में महिला दरोगा के कमरे में घुस गया एसआई
आबरू पर किया हमला, एसआई के खिलाफ मुकदमा दर्ज, गिरफ्तार
उत्तर प्रदेश के मथुरा के साैंख के मगोर्रा थाने में तैनात एक दरोगा शराब के नशे में बुधवार की रात साथी महिला दरोगा के कमरे में घुस गया और दुष्कर्म का प्रयास किया। महिला दरोगा ने किसी तरह अपनी आबरू बचाई और एसएसपी से शिकायत की। एसएसपी के निर्देश पर थाना पुलिस ने आरोपी दरोगा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
बताया जाता है कि मगोर्रा थाने में तैनात दरोगा मोहित राणा ने महिला दरोगा को अपने मोबाइल पर कुछ वीडियो भी दिखाए। इसे देखकर महिला दरोगा काफी नाराज हो गईं। उन्होंने इसकी शिकायत एसएसपी शैलेश कुमार पांडेय से की। मामला एसएसपी के संज्ञान में आया तो उन्होंने एएसपी त्रिगुण विषेन और सीओ गोवर्धन आलोक सिंह को मामले की जांच के आदेश दिए।
बृहस्पतिवार को प्रशिक्षु डीएसपी और थाना प्रभारी आलोक कुमार गुप्ता ने आरोपी एसआई मोहित दरोगा को पूछताछ के लिए थाने बुलाया। जैसे ही उन्होंने पूछताछ शुरू की तो दरोगा थाने से भाग गया। उसके पीछे प्रशिक्षु डीएसपी और पुलिसकर्मी भी भागे। आरोपी दरोगा सहकारी समिति की बाउंड्री फलांग कर उसके अंदर छिप गया। यहां से उसे पुलिस कर्मियों ने पकड़ लिया।
बताया जाता है कि इससे पहले उसने अपना मोबाइल और स्मार्ट वॉच (घड़ी) तोड़ दी। पुलिस के काफी तलाशने के बाद घड़ी तो मिल गई, लेकिन मोबाइल नहीं मिला। पुलिस दरोगा को पकड़कर थाने ले आई। इधर, एसपी देहात त्रिगुण विषेन और सीओ गोवर्धन आलोक सिंह भी थाने पहुंच गए। उन्होंने पहले पीड़िता से पूछताछ की। पीड़िता ने उन्हें अपने साथ हुए घटनाक्रम की जानकारी दी। इसके बाद उन्होंने आरोपी दरोगा से पूछताछ की। दरोगा ने कुछ भी बोलने के तैयार नहीं हुआ। अधिकारियों ने उसकी वर्दी उतारकर उसे हवालात में बंद कर दिया। साथ ही उसके खिलाफ दुष्कर्म के प्रयास की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
साथी महिला एसआई से छेड़छाड़ का आरोपी मोहित राणा मूल रूप से बुलंदशहर का रहने वाला है, वहीं मुजफ्फरनगर में भी उसका मकान है। वह पिछले लगभग सात माह से थाने में तैनात है। थाना स्टाफ में चर्चा है कि आरोपी दरोगा के मोबाइल में कुछ ऐसी वीडियो थे, जिससे कि वह मामले में बुरी तरह से फंस सकता था। इसलिए उसने सबसे पहले मोबाइल को तोड़कर फेंका। पुलिस मोबाइल की तलाश कर रही है। मोबाइल मिलने के बाद उसकी वीडियो को निकालने का प्रयास किया जाएगा ताकि आरोपी दरोगा के चरित्र के बारे में और जानकारी हो सके।
पुलिस अधिकारियों ने मामला विभागीय होने के चलते पीड़िता को समझाने का काफी प्रयास किया। अधिकारियों का पूरा प्रयास रहा कि पीड़िता किसी तरह मान जाए और मामला लिखा पढ़ी तक न पहुंचे, लेकिन पीड़िता ने किसी की बात नहीं मानी और अपने फैसले पर अडिग रही। पीड़िता के अपने फैसले पर अड़े रहने के कारण ही अधिकारियों ने दरोगा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की और उसकी गिरफ्तारी हुई।
एसएसपी शैलेश कुमार पांडेय ने बताया कि थाने में तैनात महिला दरोगा के कमरे में घुसकर दुष्कर्म करने के प्रयास का मामला सामने आया था। जांच के बाद आरोपी दरोगा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।