Monday, 29 June 2026

आजमगढ़ दीदारगंज परदेश से घर लौटे युवक की सड़क हादसे में मौत निजी कार्य से पैदल जाते समय पंचायत भवन के सामने हुआ हादसा


 आजमगढ़ दीदारगंज परदेश से घर लौटे युवक की सड़क हादसे में मौत



निजी कार्य से पैदल जाते समय पंचायत भवन के सामने हुआ हादसा



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के दीदारगंज थाना क्षेत्र में रविवार देर शाम हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में दिल्ली से घर लौटे एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई और सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।


 जानकारी के अनुसार, पुष्पनगर निवासी सुरजीत गौतम (पुत्र शिवचरन गौतम) रविवार को ही दिल्ली से अपने घर लौटे थे। देर शाम करीब साढ़े आठ बजे वह किसी निजी कार्य से पैदल पुष्पनगर सोसायटी से हैदराबाद की ओर जा रहे थे। इसी दौरान सरायमीर-दीदारगंज मार्ग पर मीर अहमदपुर तिलक स्थित पंचायत भवन के सामने हैदराबाद की ओर से तेज रफ्तार में आ रहे एक अज्ञात वाहन ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि सुरजीत गौतम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। हादसे के बाद चालक वाहन समेत मौके से फरार हो गया। 


घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोगों की भारी भीड़ घटनास्थल पर जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना पर दीदारगंज थाने के उपनिरीक्षक अवधेश पाल और उपनिरीक्षक रज्जन द्विवेदी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा की कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय भेज दिया। साथ ही अज्ञात वाहन की तलाश शुरू कर दी गई है। बताया गया कि मृतक सुरजीत गौतम तीन भाइयों और तीन बहनों में सबसे छोटे थे। उनके असामयिक निधन की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। मां किसमत्ती देवी सहित परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है तथा फरार वाहन और चालक की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है।

Sunday, 28 June 2026

आजमगढ़ फूलपुर सार्वजनिक भूमि व शत्रु संपत्ति पर अवैध कब्जे का आरोप, 11 लोगों पर मुकदमा दर्ज राजस्व विभाग की शिकायत पर कार्रवाई, जांच में सार्वजनिक उपयोग की भूमि पर निर्माण कर कब्जे का आरोप


 आजमगढ़ फूलपुर सार्वजनिक भूमि व शत्रु संपत्ति पर अवैध कब्जे का आरोप, 11 लोगों पर मुकदमा दर्ज


राजस्व विभाग की शिकायत पर कार्रवाई, जांच में सार्वजनिक उपयोग की भूमि पर निर्माण कर कब्जे का आरोप



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के फूलपुर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम ऊदपुर में सार्वजनिक उपयोग की भूमि एवं शत्रु संपत्ति पर कथित अवैध कब्जे के मामले में राजस्व विभाग की शिकायत पर पुलिस ने 11 लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है। मामले की विवेचना शुरू कर दी गई है। राजस्व निरीक्षक वासुदेव यादव की तहरीर के आधार पर दर्ज एफआईआर के अनुसार, ग्राम ऊदपुर स्थित गाटा संख्या 424, जो सार्वजनिक उपयोग की भूमि है, तथा गाटा संख्या 430, जो शत्रु संपत्ति के रूप में दर्ज है, की स्थलीय एवं अभिलेखीय जांच कराई गई।


 जांच में आरोप है कि इन दोनों भूखंडों पर मकान और दुकान का निर्माण कर अवैध कब्जा किया गया है। पुलिस ने इस मामले में इम्तियाज अहमद, समीम अहमद, कुलसुम, मोहम्मद अकरम, मोहम्मद असलम, मोहम्मद आजम, मोहम्मद ईशा, शेख अहमद, शेख शाहिद, शाहिन नसीम और सालिम नसीम के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। सभी आरोपी फूलपुर क्षेत्र के टेवंगा गांव के निवासी बताए गए हैं। एफआईआर के अनुसार, गाटा संख्या 424 की लगभग 90 वर्गमीटर तथा गाटा संख्या 430 की लगभग 110 वर्गमीटर भूमि पर अवैध निर्माण कर कब्जा किए जाने का आरोप है। 


प्रभारी निरीक्षक फूलपुर देवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि आरोपियों के विरुद्ध सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम, 1984 की धाराओं 2, 3 एवं 5 के तहत मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई है। उन्होंने कहा कि जांच के दौरान प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।

Saturday, 27 June 2026

आजमगढ़ ग्रामीणों के विरोध से फरिहा तिराहे पर दोबारा बैरियर लगाने की कोशिश नाकाम रात में जेसीबी संग पहुंचे ठेकेदार पर अवैध बैरियर लगाने का आरोप, थानाध्यक्ष बोले-मामले की जानकारी नहीं

आजमगढ़ ग्रामीणों के विरोध से फरिहा तिराहे पर दोबारा बैरियर लगाने की कोशिश नाकाम


रात में जेसीबी संग पहुंचे ठेकेदार पर अवैध बैरियर लगाने का आरोप, थानाध्यक्ष बोले-मामले की जानकारी नहीं



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के मोहम्मदपुर फरिहा तिराहे पर अमौड़ा टोल प्लाजा के तत्कालीन ठेकेदार द्वारा कथित रूप से बिना अनुमति दोबारा बैरियर लगाने का प्रयास ग्रामीणों के विरोध के चलते विफल हो गया। आरोप है कि बीती रात करीब दो बजे ठेकेदार जेसीबी मशीन और 25-30 लोगों के साथ मौके पर पहुंचा तथा सड़क के बीच बैरियर लगाने का कार्य शुरू करा दिया। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के गांवों के सैकड़ों ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और बिना प्रशासनिक अनुमति बैरियर लगाए जाने का कड़ा विरोध किया। ग्रामीणों ने कहा कि यदि बैरियर लगाने की अनुमति है तो उसका आदेश सार्वजनिक किया जाए, अन्यथा किसी भी कीमत पर सार्वजनिक मार्ग पर अवैध बैरियर नहीं लगाने दिया जाएगा। विरोध बढ़ने पर बैरियर लगाने का कार्य रोकना पड़ा।


 ग्रामीणों ने बताया कि करीब एक सप्ताह पूर्व कैबिनेट मंत्री दारा सिंह चौहान के प्रयास से इसी स्थान पर लगाया गया कथित अवैध बैरियर हटाया गया था। इसके बावजूद दोबारा बैरियर लगाने की कोशिश से लोगों में नाराजगी है। उनका कहना है कि मोहम्मदपुर फरिहा तिराहा मंत्री के क्षेत्र, एयरपोर्ट मार्ग तथा शाहगंज, अतरौलिया और अंबेडकर नगर को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग है। ऐसे में यहां बैरियर लगाने से लोगों को अनावश्यक रूप से दूसरे मार्गों से होकर गुजरना पड़ेगा। ग्रामीणों ने प्रशासन से बिना अनुमति बैरियर लगाने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। वहीं गंभीरपुर थाना प्रभारी ने इस संबंध में कहा कि उन्हें सड़क के बीच बैरियर लगाए जाने की कोई जानकारी नहीं है।

 

लखनऊ मुठभेड़ में एक लाख का इनामी बदमाश ढेर, बिल्डर हत्याकांड का था मुख्य शूटर कई जिलों में हत्या और रंगदारी के दर्ज हैं गंभीर मुकदमे


 लखनऊ मुठभेड़ में एक लाख का इनामी बदमाश ढेर, बिल्डर हत्याकांड का था मुख्य शूटर


कई जिलों में हत्या और रंगदारी के दर्ज हैं गंभीर मुकदमे


लखनऊ, उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में शनिवार को पुलिस को बड़ी सफलता मिली। इंदिरा कैनाल रोड पर हुई पुलिस मुठभेड़ में एक लाख रुपये का इनामी और कुख्यात अपराधी संजय उर्फ संजीव पुलिस की जवाबी कार्रवाई में मारा गया। वह हाल ही में हुए चर्चित बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड का मुख्य शूटर था और लंबे समय से पुलिस को उसकी तलाश थी। 


पुलिस के अनुसार, 27 जून 2026 को अपर पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम अपराधियों की तलाश में चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान इंदिरा कैनाल रोड पर संजय उर्फ संजीव से पुलिस का सामना हो गया। खुद को घिरता देख उसने पुलिस टीम पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में पुलिस द्वारा की गई जवाबी कार्रवाई में उसे गोली लगी और वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल संजय को तत्काल डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।


 मृतक संजय उर्फ संजीव पुत्र हरीराम, जनपद अम्बेडकरनगर के थाना अहिरौली क्षेत्र के ग्राम चक कोदार का निवासी था। वह 27 मई 2026 को पीजीआई थाना क्षेत्र में हुए चर्चित बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड का मुख्य शूटर था। उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस आयुक्त, लखनऊ द्वारा एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस के अनुसार, संजय एक आदतन और जघन्य अपराधी था। उसने अम्बेडकरनगर के कुख्यात अपराधी दिलीप वर्मा तथा खान मुबारक गैंग के सदस्यों के साथ मिलकर हत्या, रंगदारी और अन्य गंभीर अपराधों को अंजाम दिया था। उसके विरुद्ध अम्बेडकरनगर, बस्ती और अयोध्या जनपदों में हत्या समेत कई संगीन मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने बताया कि मुठभेड़ के बाद आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है तथा मामले की विस्तृत जांच जारी है।

Friday, 26 June 2026

शामली पुलिस मुठभेड़ में 50 हजार का इनामी बदमाश ढेर, दरोगा भी गोली लगने से हुआ घायल साथी फरार, बिना नंबर की बाइक और 9 एमएम पिस्टल बरामद

शामली पुलिस मुठभेड़ में 50 हजार का इनामी बदमाश ढेर, दरोगा भी गोली लगने से हुआ घायल


साथी फरार, बिना नंबर की बाइक और 9 एमएम पिस्टल बरामद



उत्तर प्रदेश शामली, कांधला क्षेत्र में शुक्रवार सुबह खंद्रावली पुलिस चौकी के पास पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में 50 हजार रुपये का इनामी बदमाश मेहताब मारा गया, जबकि कांधला थाने में तैनात दरोगा दीपचंद गोली लगने से घायल हो गए। घायल दरोगा को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं मेहताब के एक साथी ने मौके से फरार होकर पुलिस को चकमा दे दिया, जिसकी तलाश में पुलिस की टीमें लगातार कॉम्बिंग अभियान चला रही हैं। पुलिस अधीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि शुक्रवार सुबह सूचना मिली थी कि खंद्रावली पुलिस चौकी के पास कुछ बदमाश किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में खड़े हैं। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने बाइक सवार दो संदिग्धों को रुकने का इशारा किया, लेकिन बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में मेहताब गोली लगने से घायल हो गया, जबकि बदमाशों की गोली से दरोगा दीपचंद भी घायल हो गए। दोनों को अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मेहताब को मृत घोषित कर दिया।


 पुलिस ने घटनास्थल से बिना नंबर की एक बाइक, 9 एमएम पिस्टल और कई कारतूस बरामद किए हैं। एसपी ने बताया कि मेहताब कैराना के मोहल्ला आलकलां का रहने वाला था और उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। उसने एक मार्च को पानीपत में तैनात महिला कांस्टेबल से सोने के कुंडल लूटने की वारदात को अंजाम दिया था। इसके अलावा आदर्श मंडी क्षेत्र में किसानों से लूट की घटना में भी वह शामिल था। पुलिस के अनुसार मेहताब पर हत्या, लूट, डकैती सहित विभिन्न धाराओं में 25 मुकदमे दर्ज थे। वह शामली, बागपत, मेरठ, मुजफ्फरनगर के अलावा हरियाणा, उत्तराखंड और दिल्ली में भी अपने गिरोह के साथ सक्रिय होकर आपराधिक घटनाओं को अंजाम देता था। पुलिस का कहना है कि गिरोह की कमान भी मेहताब के हाथ में थी।

 

आजमगढ़ तहबरपुर पुलिस ने पकड़ा अंतर्राज्यीय वाहन चोर गिरोह का सदस्य, 50 लाख की चोरी की फॉर्च्यूनर बरामद दिल्ली से चोरी कर मणिपुर ले जाई जा रही थी लग्जरी एसयूवी फर्जी नंबर प्लेट लगाकर करता था सप्लाई; दिल्ली में भी दर्ज हैं चोरी के मुकदमे


 आजमगढ़ तहबरपुर पुलिस ने पकड़ा अंतर्राज्यीय वाहन चोर गिरोह का सदस्य, 50 लाख की चोरी की फॉर्च्यूनर बरामद



दिल्ली से चोरी कर मणिपुर ले जाई जा रही थी लग्जरी एसयूवी


फर्जी नंबर प्लेट लगाकर करता था सप्लाई; दिल्ली में भी दर्ज हैं चोरी के मुकदमे



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के तहबरपुर थाना पुलिस ने पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर चेकिंग के दौरान अंतर्राज्यीय वाहन चोरी गिरोह के एक सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से लगभग 50 लाख रुपये कीमत की चोरी की फॉर्च्यूनर कार बरामद की है। आरोपी दिल्ली से चोरी कर लग्जरी वाहनों को फर्जी नंबर प्लेट लगाकर मणिपुर पहुंचाने का काम करता था। उसके खिलाफ दिल्ली के विभिन्न थानों में वाहन चोरी के मुकदमे भी दर्ज हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत शुक्रवार तड़के तहबरपुर पुलिस मोहर्रम के मद्देनजर पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान सरदहा अंडरपास के पास एक्सप्रेस-वे के किलोमीटर 226.3 पर रेस्ट लेन में एक संदिग्ध फॉर्च्यूनर खड़ी मिली। पुलिस के पहुंचते ही चालक भागने लगा, लेकिन पुलिस टीम ने उसे मौके पर ही दबोच लिया। 


पूछताछ में आरोपी ने अपनी पहचान तोइजम नटराज सिंह (37) निवासी इम्फाल ईस्ट, मणिपुर के रूप में बताई। जांच में पता चला कि वाहन पर फर्जी नंबर प्लेट लगी थी, जबकि उसका वास्तविक नंबर DL10CA0100 था और वह दिल्ली से चोरी की गई थी। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि दिल्ली निवासी अमित नामक व्यक्ति लग्जरी वाहनों की चोरी कर उसे उपलब्ध कराता था। वह चोरी की गाड़ियों पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर मणिपुर के उखरूल स्थित सिमरे नामक व्यक्ति तक पहुंचाता था, जहां उन्हें आगे बेच दिया जाता था। प्रत्येक वाहन की डिलीवरी के बदले उसे 30 हजार रुपये मिलते थे। उसने स्वीकार किया कि इससे पहले भी वह दो चोरी की गाड़ियां दिल्ली से मणिपुर पहुंचा चुका है। इस बार भी वह 25 जून 2026 को दिल्ली से फॉर्च्यूनर लेकर मणिपुर जा रहा था, लेकिन रास्ते में नींद आने पर एक्सप्रेस-वे पर वाहन खड़ा कर सो गया, जहां पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरी की फॉर्च्यूनर, वाहन के मूल दस्तावेज, दो मोबाइल फोन और 1200 रुपये नकद बरामद किए हैं। आरोपी के विरुद्ध तहबरपुर थाने में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है। इस कार्रवाई में थानाध्यक्ष आदित्य कुमार सिंह के नेतृत्व में उपनिरीक्षक रवीन्द्र प्रताप यादव, उपनिरीक्षक लोकेश मणि त्रिपाठी, कांस्टेबल ताहिर अली, कांस्टेबल सत्यम सिंह तथा रिक्रूट कांस्टेबल आनंद राय की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

Thursday, 25 June 2026

आजमगढ़ निजामाबाद पुलिस टीम पर धारदार हथियार से जानलेवा हमला पत्नी को दौड़ाकर मारने की सूचना पर गई थी पुलिस चौकी प्रभारी व सिपाही ने भाग कर बचाई अपनी जान

आजमगढ़ निजामाबाद पुलिस टीम पर धारदार हथियार से जानलेवा हमला


पत्नी को दौड़ाकर मारने की सूचना पर गई थी पुलिस


चौकी प्रभारी व सिपाही ने भाग कर बचाई अपनी जान



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के निजामाबाद थाना क्षेत्र के चकिया हुसैनाबाद गांव में घरेलू विवाद की सूचना पर पहुंची पुलिस टीम पर एक युवक द्वारा बांका से जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार 23 जून 2026 की रात करीब 12:13 बजे डायल-112 के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई कि चकिया हुसैनाबाद निवासी आयशा पत्नी अबू ओसामा ने शिकायत की है कि उसका पति बांका लेकर उसे जान से मारने के लिए दौड़ा रहा है। 


सूचना मिलने पर चौकी प्रभारी फरिहा उपनिरीक्षक चित्रांशु मिश्रा अपने हमराह कांस्टेबल रवि कुमार मौर्य के साथ मौके पर पहुंचे। मौके पर पहुंचने पर पुलिस ने देखा कि अबू ओसामा पुत्र इदरीश अपनी पत्नी का पीछा कर रहा था। पुलिस द्वारा हस्तक्षेप कर मामला शांत कराने का प्रयास किया गया, लेकिन आरोपी घर के अंदर जाकर दरवाजा बंद कर लिया। काफी समझाने-बुझाने और प्रयास के बाद जब दरवाजा खुलवाया गया तो आरोपी ने पुलिस टीम के साथ गाली-गलौज करते हुए कथित रूप से बांका से चौकी प्रभारी पर हमला कर दिया। पुलिसकर्मियों ने किसी तरह अपना बचाव किया, हालांकि इस दौरान चौकी प्रभारी और उनके हमराह सिपाही जमीन पर गिर गए, जिससे उन्हें चोटें भी आईं। पुलिस के मुताबिक आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। घायल पुलिसकर्मियों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रानी की सराय में चिकित्सीय परीक्षण कराया। इस संबंध में चौकी प्रभारी की तहरीर पर निजामाबाद थाने में आरोपी अबू ओसामा के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, जानलेवा हमला करने और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी के लिए प्रयास कर रही है।