Sunday, 8 February 2026

अयोध्या/बस्ती नदी में मिला लापता सब इंस्पेक्टर का शव, मचा हड़कंप 5 फरवरी से थे लापता, नाविकों की सूचना पर बरामद हुआ शव

अयोध्या/बस्ती नदी में मिला लापता सब इंस्पेक्टर का शव, मचा हड़कंप


5 फरवरी से थे लापता, नाविकों की सूचना पर बरामद हुआ शव



उत्तर प्रदेश के अयोध्या में रविवार देर शाम उस समय सनसनी फैल गई, जब कोतवाली क्षेत्र और बस्ती जिले की सीमा पर सरयू नदी में एक उपनिरीक्षक का शव उतराता हुआ मिला। मृतक की पहचान बस्ती जिले के थाना परशरामपुर में तैनात एसआई अजय गौड़ के रूप में हुई है। वह बीते पांच फरवरी से संदिग्ध परिस्थितियों में लापता थे, जिनकी तलाश लगातार की जा रही थी। नाविकों ने नयाघाट से दशरथ समाधि स्थल की ओर निर्माणाधीन हाईवे के पास नदी में शव उतराता देखा। इसकी सूचना तत्काल कोतवाली अयोध्या और जल पुलिस को दी गई। 


मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने रेस्क्यू अभियान चलाकर तिहुरा माझा के पास से शव को बाहर निकलवाया। पहचान की पुष्टि होने के बाद बस्ती जिले की पुलिस को भी सूचना दी गई। घटना की जानकारी मिलते ही एसपी सिटी चक्रपाणि त्रिपाठी, कोतवाल पंकज सिंह और दर्शन नगर चौकी प्रभारी बृजभूषण पाठक मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। बताया गया कि अजय गौड़ वर्तमान में प्रभारी थानाध्यक्ष के पद पर तैनात थे और मूल रूप से देवरिया जिले के निवासी थे। वह वर्ष 2015 बैच के उपनिरीक्षक थे। 


एसपी सिटी चक्रपाणि त्रिपाठी ने बताया कि शव मिलने के सटीक स्थान को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है। यदि शव बस्ती जिले की सीमा में पाया गया होगा तो वहां की पुलिस अग्रिम कार्रवाई करेगी, अन्यथा अयोध्या पुलिस द्वारा पंचनामा और पोस्टमार्टम की कार्रवाई कराई जाएगी। पूरे मामले की गहन छानबीन की जा रही है।

 

आजमगढ़ देवगांव जहरीला दूध बनाने का कारोबार, एक गिरफ्तार डेयरी सप्लाई से पहले असली दूध निकालकर मिलाया जाता था नकली दूध, 200 लीटर नकली दूध बरामद यूरिया, मेथनॉल सहित खतरनाक केमिकल बरामद, मकान मालिक फरार

आजमगढ़ देवगांव जहरीला दूध बनाने का कारोबार, एक गिरफ्तार


डेयरी सप्लाई से पहले असली दूध निकालकर मिलाया जाता था नकली दूध, 200 लीटर नकली दूध बरामद


यूरिया, मेथनॉल सहित खतरनाक केमिकल बरामद, मकान मालिक फरार


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के थाना देवगांव क्षेत्र में पुलिस और खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने केमिकलयुक्त कृत्रिम दूध बनाने के बड़े रैकेट का खुलासा किया है। कार्रवाई के दौरान 200 लीटर कृत्रिम दूध, भारी मात्रा में अपमिश्रक पदार्थ और खतरनाक केमिकल बरामद करते हुए एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया है, जबकि उसका सहयोगी मौके से फरार हो गया। 


पुलिस के अनुसार, 07 फरवरी 2026 को उपनिरीक्षक सुभाष तिवारी प्रभारी चौकी लालगंज पुलिस बल के साथ क्षेत्र में भ्रमणशील थे। इसी दौरान काशी डेयरी, मिर्जाआदमपुर के प्रबंधक रजनिकान्त मिश्रा एवं अरविन्द शर्मा द्वारा सूचना दी गई कि ग्राम सोफीपुर में दूध सप्लायर संतोष कुमार अपने मकान मालिक प्रमोद राय के साथ मिलकर केमिकल मिलाकर कृत्रिम दूध तैयार कर रहा है। सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस ने खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ संयुक्त रूप से दबिश दी। लगभग 16:05 बजे मौके से अभियुक्त संतोष कुमार पुत्र चन्द्रपाल सिंह, निवासी गोविन्दीगढ़ी, थाना सतरौली, जनपद एटा को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि मकान मालिक प्रमोद राय पुत्र रामबचन राय फरार हो गया।


 पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्त ने बताया कि लालच में आकर वह टैंकर से असली दूध निकाल लेता था और उसमें केमिकलयुक्त कृत्रिम दूध मिलाकर डेयरी में सप्लाई करता था। निकाले गए असली दूध को प्रमोद राय स्वयं का बताकर डेयरी में बेच देता था। मौके से पुलिस ने करीब 200 लीटर कृत्रिम दूध, 100 लीटर अपमिश्रक मिश्रण, 40 लीटर केमिकलयुक्त रिफाइंड तेल, 45 किलो यूरिया, मेथनॉल, एथनॉल, सोडियम हाइड्रॉक्साइड सहित कई खतरनाक रसायन, बड़े ड्रम, प्लास्टिक कंटेनर, पाइप और दूध निकालने का हैंड पंप बरामद किया है। 


इस संबंध में थाना देवगांव में मु0अ0सं0 54/2026 धारा 274, 275, 318(1) बीएनएस के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया है। फरार अभियुक्त की तलाश की जा रही है। पुलिस और खाद्य सुरक्षा विभाग की इस कार्रवाई से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है, वहीं लोगों ने इसे जनस्वास्थ्य के लिए बड़ी कार्रवाई बताया है।

 

आजमगढ़ जहानागंज पुलिस मुठभेड़ में एक गोतस्कर घायल सहित 2 गिरफ्तार तमंचा-कारतूस, पिकअप वाहन व बछड़ा बरामद, घायल अभियुक्त पर दर्ज हैं 8 संगीन मुकदमे


 आजमगढ़ जहानागंज पुलिस मुठभेड़ में एक गोतस्कर घायल सहित 2 गिरफ्तार



तमंचा-कारतूस, पिकअप वाहन व बछड़ा बरामद, घायल अभियुक्त पर दर्ज हैं 8 संगीन मुकदमे



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के थाना जहानागंज क्षेत्र में देर रात पुलिस और गोतस्करों के बीच मुठभेड़ हो गई। इस दौरान एक गोतस्कर गोली लगने से घायल हो गया, जबकि उसके एक साथी को पुलिस ने मौके से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उनके कब्जे से अवैध तमंचा, कारतूस, एक पिकअप वाहन तथा एक गोवंश (बछड़ा) बरामद किया है। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में, अपर पुलिस अधीक्षक नगर मधुबन कुमार सिंह एवं क्षेत्राधिकारी सदर आस्था जायसवाल के पर्यवेक्षण में 07/08 फरवरी 2026 की रात लगभग 12:30 बजे थाना जहानागंज पुलिस क्षेत्र में गश्त व संदिग्ध वाहन चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान सूचना मिली कि ग्राम गम्भीरवन (बड़ैला ताल) के पास एक पिकअप वाहन में गोवंश लादा जा रहा है। सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने घेराबंदी की। खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस पार्टी पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस द्वारा बार-बार आत्मसमर्पण की चेतावनी दी गई, लेकिन बदमाशों ने फायरिंग का प्रयास जारी रखा। 


आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में एक बदमाश के बाएं पैर में गोली लग गई, जबकि दूसरे को पुलिस ने मौके से दबोच लिया। घायल अभियुक्त की पहचान मोहीम अहमद (32 वर्ष) पुत्र दिलशेर अहमद, निवासी कोटिला (कंकाली टोला), थाना रानी की सराय के रूप में हुई है, जबकि गिरफ्तार दूसरे अभियुक्त का नाम सुनील कुमार (30 वर्ष) पुत्र शोभनाथ, निवासी जलाईपुर ऊँचेगांव, थाना रानी की सराय बताया गया है। घायल अभियुक्त को उपचार हेतु सदर अस्पताल आजमगढ़ भेजा गया है। पूछताछ में अभियुक्तों ने संगठित रूप से गोवध एवं गौ-तस्करी में संलिप्त होने की बात स्वीकार की है।


 पुलिस के अनुसार घायल अभियुक्त मोहीम अहमद के विरुद्ध गोवध, गौ-तस्करी, लूट, चोरी, आर्म्स एक्ट एवं पशु क्रूरता सहित कुल आठ मुकदमे पूर्व से दर्ज हैं। इस संबंध में थाना जहानागंज पर अभियुक्तों के विरुद्ध संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है। घटनास्थल को सुरक्षित कर फील्ड यूनिट द्वारा साक्ष्य संकलन किया गया है।

Saturday, 7 February 2026

आजमगढ़ अहरौला 2 बाइकों की आमने-सामने भिड़ंत में युवक की मौत, 4 घायल अहरौला थाना क्षेत्र के माहुल-फुलवरिया मार्ग पर हुआ भीषण हादसा


 आजमगढ़ अहरौला 2 बाइकों की आमने-सामने भिड़ंत में युवक की मौत, 4 घायल



अहरौला थाना क्षेत्र के माहुल-फुलवरिया मार्ग पर हुआ भीषण हादसा



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के अहरौला थाना क्षेत्र के माहुल-फुलवरिया मार्ग पर गौसपुर गांव के मोड़ के पास शनिवार को दो बाइकों की जोरदार भिड़ंत में 22 वर्षीय युवक की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे की सूचना मिलते ही मृतक के परिवार में कोहराम मच गया। 


प्राप्त जानकारी के अनुसार अहरौला थाना क्षेत्र के कंदरा गांव निवासी बृजमोल यादव अपने मौसा के पुत्र रामप्रवेश (20), निवासी भरमा गांव, थाना पवई के साथ बाइक से दवा लेने माहुल बाजार जा रहा था। बाइक बृजमोल चला रहा था। जैसे ही दोनों माहुल-फुलवरिया मार्ग पर गौसपुर गांव के मोड़ से आगे बढ़े, पीछे से तेज रफ्तार से आ रही दूसरी बाइक ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। दूसरी बाइक पर तीन लोग सवार थे। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों बाइकों पर सवार सभी लोग सड़क पर दूर-दूर जा गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे में बृजमोल यादव के सिर में गंभीर चोट लगने से मौके पर ही उसकी मौत हो गई, जबकि पीछे बैठे रामप्रवेश तथा दूसरी बाइक पर सवार बरामदपुर गांव निवासी आसिफ (20), आफताब (21) और शारिक (19) गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और माहुल चौकी प्रभारी यश सिंह पटेल पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। सभी घायलों को माहुल स्थित अवध चिकित्सालय में भर्ती कराया गया, जहां चिकित्सकों ने रामप्रवेश की हालत गंभीर देखते हुए उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हेतु मंडलीय चिकित्सालय की मोर्चरी में भेज दिया। बताया गया कि मृतक बृजमोल यादव दो भाइयों और तीन बहनों में चौथे नंबर पर था। युवक की असामयिक मौत से गांव में शोक की लहर है।

आजमगढ़ फूलपुर सार्वजनिक कुएँ और तालाबों पर अतिक्रमण, हाईकोर्ट के आदेशों की उड़ रही धज्जियाँ शनिचर बाजार का वर्षों पुराना कुआँ दबंगों के निशाने पर, प्रशासन पर उदासीनता का आरोप सोनकर समाज ने सौंपा प्रार्थना पत्र, एसडीएम ने दिया कार्रवाई का आश्वासन


 आजमगढ़ फूलपुर सार्वजनिक कुएँ और तालाबों पर अतिक्रमण, हाईकोर्ट के आदेशों की उड़ रही धज्जियाँ


शनिचर बाजार का वर्षों पुराना कुआँ दबंगों के निशाने पर, प्रशासन पर उदासीनता का आरोप


सोनकर समाज ने सौंपा प्रार्थना पत्र, एसडीएम ने दिया कार्रवाई का आश्वासन


उत्तर प्रदेश आजमगढ़, वर्षों पूर्व उच्च न्यायालय द्वारा सार्वजनिक स्थलों पर स्थित तालाब, पोखरा एवं कुओं को किसी भी दशा में बंद न किए जाने का सख्त आदेश पारित किया गया था, लेकिन राजस्व विभाग की उदासीनता के चलते आज तक उक्त आदेशों का समुचित अनुपालन नहीं हो सका है। तहसील क्षेत्र में स्थित अनेक सार्वजनिक तालाब, पोखरे और कुएँ धीरे-धीरे अस्तित्व से समाप्त किए जा रहे हैं, जबकि प्रशासन मूकदर्शक बना हुआ है। मंदिर की भूमि पर बने पोखरे हों या पूर्वजों द्वारा निर्मित सार्वजनिक कुएँ, उन पर वंशजों द्वारा अवैध निर्माण कर उन्हें पाटने का सिलसिला लगातार जारी है। शिकायतों के बावजूद संबंधित विभागों द्वारा अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इसी क्रम में नगर पंचायत फूलपुर के शनिचर बाजार में स्थित वर्षों पुराना सार्वजनिक कुआँ दबंगों के निशाने पर है। आरोप है कि एक परिवार द्वारा कुएँ की भूमि के साथ-साथ सार्वजनिक रास्ते पर भी अवैध कब्जा किया जा रहा है। 


इस मामले को लेकर सोनकर समाज के लोगों ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। कुएँ को पाटे जाने से रोकने के लिए 20 दिसंबर 2025 से 24 जनवरी 2026 तक तहसील समाधान दिवस, जनसुनवाई पोर्टल एवं उपजिलाधिकारी फूलपुर सहित अन्य अधिकारियों को कई बार प्रार्थना पत्र दिए गए, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। न्याय न मिलने से आक्रोशित सोनकर समुदाय के लोगों ने सम्पूर्ण तहसील समाधान दिवस में पुन: प्रार्थना पत्र सौंपा। इस बार प्रार्थना पत्र के साथ माननीय उच्च न्यायालय के आदेश की प्रति भी संलग्न की गई, जिसमें अवैध कब्जा करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई तथा कुएँ एवं सार्वजनिक रास्ते को अतिक्रमण से मुक्त कराए जाने की मांग की गई है। 


इस संबंध में उपजिलाधिकारी फूलपुर ने बताया कि माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों का पालन कराया जाएगा और सार्वजनिक रास्ते को किसी भी हाल में बंद नहीं होने दिया जाएगा। अब देखना यह है कि प्रशासन अपने आश्वासन पर कितना खरा उतरता है और सार्वजनिक धरोहरों की रक्षा सुनिश्चित करता है या फिर ऐसे मामले फाइलों में ही दबकर रह जाते हैं।

आजमगढ़ अहरौला हिस्ट्रीशीटर गो-तस्कर बना पुलिस की गोली का शिकार, एक फरार अवैध तमंचा व बिना नंबर की बाइक बरामद घायल अभियुक्त पर हत्या, गैंगस्टर व गोवध समेत 8 संगीन मुकदमे दर्ज


 आजमगढ़ अहरौला हिस्ट्रीशीटर गो-तस्कर बना पुलिस की गोली का शिकार, एक फरार



अवैध तमंचा व बिना नंबर की बाइक बरामद


घायल अभियुक्त पर हत्या, गैंगस्टर व गोवध समेत 8 संगीन मुकदमे दर्ज



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के थाना अहरौला क्षेत्र में शुक्रवार तड़के पुलिस और गो-तस्करों के बीच मुठभेड़ हो गई। इस दौरान एक हिस्ट्रीशीटर गो-तस्कर पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गोली लगने से घायल हो गया, जबकि उसका एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। 


वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण चिराग जैन एवं क्षेत्राधिकारी बूढ़नपुर अजय प्रताप सिंह के पर्यवेक्षण में थाना अहरौला पुलिस शुक्रवार सुबह करीब 2:40 बजे रात्रि गश्त, अपराध नियंत्रण एवं संदिग्ध वाहन चेकिंग में जुटी थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि सहराजा मोड़ से निजामपुर की ओर दो गो-तस्कर गोवध की नीयत से जा रहे हैं। सूचना पर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने ग्राम तरकूलहा के पास घेराबंदी कर मोटरसाइकिल सवार दो संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया। खुद को घिरा देख बदमाशों ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस द्वारा बार-बार आत्मसमर्पण की चेतावनी दी गई, लेकिन बदमाशों की ओर से फायरिंग जारी रही। आत्मरक्षा में पुलिस की जवाबी कार्रवाई में एक बदमाश के दाहिने पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया, जबकि दूसरा बदमाश मौके से फरार हो गया। 


घायल अभियुक्त की पहचान जाकिर उर्फ शैफ (38 वर्ष) पुत्र स्व. रफीक कुरैशी निवासी कुरैशी टोला माहुल, थाना अहरौला के रूप में हुई है। वह थाना अहरौला का घोषित हिस्ट्रीशीटर (HS-30A) है। पूछताछ में घायल अभियुक्त ने फरार साथी का नाम दिलशाद उर्फ लालू पुत्र मुस्ताक निवासी कस्बा माहुल बताया है। घायल अभियुक्त को प्राथमिक उपचार के बाद सीएचसी फूलपुर से सदर अस्पताल आजमगढ़ रेफर किया गया है। वहीं फरार अभियुक्त की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें गठित कर लगातार दबिश दी जा रही है। घटनास्थल को सुरक्षित कर फील्ड यूनिट द्वारा साक्ष्य संकलन की कार्रवाई भी की गई है। 


मौके से पुलिस ने एक अवैध तमंचा .315 बोर, दो खोखा कारतूस, दो जिंदा कारतूस तथा बिना नंबर प्लेट की सुपर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद की है। पूछताछ में घायल अभियुक्त ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ सुनियोजित ढंग से गोवध व गौ-तस्करी करता था। वे देर रात सुनसान इलाकों में घूम रहे गोवंश को पकड़कर निर्जन स्थानों पर अवैध रूप से वध करते थे तथा मांस को ऊंचे दामों पर बेचते थे। साक्ष्य मिटाने के लिए अवशेष नदी-नालों में फेंक दिए जाते थे या जमीन में गाड़ दिए जाते थे। कुछ गोवंशों को बिहार सहित अन्य प्रांतों में अवैध रूप से बेचने की बात भी सामने आई है। पुलिस ने अभियुक्तों के खिलाफ थाना अहरौला पर मु0अ0सं0 029/2026 धारा 109(1) बीएनएस एवं 3/25/27 आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। घायल अभियुक्त जाकिर उर्फ शैफ के खिलाफ हत्या, गैंगस्टर एक्ट, गोवध निवारण अधिनियम समेत कुल आठ गंभीर मुकदमे पूर्व से दर्ज बताए गए हैं। मुठभेड़ में थानाध्यक्ष अमित कुमार मिश्र, चौकी प्रभारी माहुल यश सिंह पटेल सहित थाना अहरौला की पुलिस टीम शामिल रही।

आजमगढ़ जहानागंज धरती मां की गोद में समाया देश का लाल तिरंगे में लिपटा पार्थिव शरीर पहुंचा गांव, देखकर नम हुईं आंखें, शौर्य यात्रा में उमड़ा जनसैलाब


 आजमगढ़ जहानागंज धरती मां की गोद में समाया देश का लाल



तिरंगे में लिपटा पार्थिव शरीर पहुंचा गांव, देखकर नम हुईं आंखें, शौर्य यात्रा में उमड़ा जनसैलाब



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के जहानागंज विकासखंड के सुहवल गांव निवासी सूबेदार प्रेम शंकर चतुवेर्दी पुत्र रमाकांत चतुवेर्दी देश सेवा करते हुए शहीद हो गए। वे भारतीय सेना में सूबेदार पद पर तैनात थे और वर्तमान में सिकंदराबाद में ड्यूटी पर कार्यरत थे। ड्यूटी के दौरान अचानक उनकी तबीयत खराब हो गई, जिसके बाद सेना द्वारा उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां बुधवार को इलाज के दौरान उनका निधन हो गया। गुरुवार की रात करीब 11 बजे जब उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा, तो पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। शहीद सूबेदार का पार्थिव शरीर जब सेना के जवानों के काफिले के साथ दो सैन्य वाहनों में उनके पैतृक गांव सुहवल पहुंचा, तो हर आंख नम हो गई। भारत माता की जय, वंदे मातरम् और शहीद अमर रहें के नारों से पूरा गांव और क्षेत्र गूंज उठा। अंतिम दर्शन के लिए हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े। शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे गांव से शौर्य यात्रा निकाली गई, जो सुहवल बाजार होते हुए गुजरी। हाथों में तिरंगा लिए लोग पैदल और बाइक से यात्रा में शामिल हुए। देशभक्ति गीतों के बीच पूरा बाजार बंद रहा। सुरक्षा व्यवस्था के लिए जहानागंज थाना पुलिस मुस्तैद रही।


 शहीद सूबेदार प्रेम शंकर चतुवेर्दी का अंतिम संस्कार गाजीपुर में पूरे सैन्य सम्मान के साथ किया गया। सेना के जवानों ने सलामी दी और तिरंगे में लिपटे पार्थिव शरीर को अग्नि दी गई। वे चार भाइयों में दूसरे नंबर पर थे और अपने पीछे तीन पुत्र व एक पुत्री छोड़ गए हैं। खास बात यह है कि उनके दूसरे पुत्र रिशु चतुवेर्दी का कुछ दिन पहले ही भारतीय वायुसेना में चयन हुआ था। बेटे की सफलता की खुशी अभी पूरी तरह आई भी नहीं थी कि पिता के शहीद होने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। शहीद की शहादत पर पूरा क्षेत्र गर्व और शोक से भर गया है। लोग उन्हें कर्तव्यनिष्ठ, साहसी और देशभक्त सैनिक के रूप में याद कर रहे हैं। आजमगढ़ की धरती ने एक बार फिर साबित कर दिया कि यह वीरों की धरती है। शहीद सूबेदार प्रेम शंकर चतुवेर्दी अमर रहें। भारत माता की जय।